• Wed. Feb 4th, 2026
साहित्य, संस्कृति, कला

मछलियों!  तुम्हें जीना सीखना होगा

Byadmin

Sep 17, 2025
Please share this post

बलवान सिंह कुंडू ‘सावी’

मछलियों
तुम हर जगह मारी जाओगी
तालाब, झील, पोखर, अब्धि में
बहते निर्जर, नदी में
असीमित विस्तृत
खाड़ी, वारिधि में
जहाँ तुम इकट्ठी होंगी
फेंका जाएगा जाल
तुम्हें पकड़ा जाएगा
हर हाल.

मारा जाएगा तुम्हें
तुम्हारी देह के गोश्त का
लालच देकर
या तुझमें से ही निकली
किसी बड़ी मछली द्वारा
खाया जाएगा.

तुम जितना सुरक्षित समझोगी
गहरे पानी के बीच में
तुम्हें कोई जलकाक
उड़ता अल्बाट्रास
दबोच लेगा.

मछलियो!तुम्हें सीखना होगा
जीना
क्योंकि जीता वही है
जो सीख लेता लड़ना
चाहे कोई कौम हो या आदमी
या तुम…

बलवान सिंह कुंडू ‘सावी’
कैथल, हरियाण

By admin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *