भोजपुरी के सांस्कृतिक पुरोधा: भिखारी ठाकुर का जीवन दर्शन और रचना संसार
भिखारी ठाकुर का जीवन दर्शन कला को मनोरंजन से ऊपर उठाकर ‘लोक-चेतना’ और ‘समाज सुधार’ के एक शक्तिशाली औजार के रूप में स्थापित करता है। उन्होंने अपनी जड़ों से जुड़कर…
चितेरी दुनिया की खूबसूरत मंजिल की ओर रंग और रेखाओं से सृजित राहों पर स्नेहलता का सुन्दर सफरनामा
स्नेहलता का यह सफर आसान नहीं था। आरंभिक दौर में उन्हें कई कठिनाइयों का सामना करना पड़ा, लेकिन अपनी लगन और मेहनत से उन्होंने अपने रास्ते खुद बनाए। उनकी यात्रा…